सुप्रीम कोर्ट ने पांच सौ से ज्यादा MBBS छात्रों का दाखिला किया रद

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने व्यापम के तहत एमबीबीएस में दाखिला लेनेवाले करीब पांच सौ से ज्यादा छात्रों के एडमिशन को रद्द कर दिया है। इन सभी का दाखिला साल 2008 से लेकर 2012 तक पांच वर्षों के दौरान हुआ था। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जगदीश सिंह खेहर ने छात्रों की तरफ से दाखिल सभी याचिकाओं को खारिज करते हुए मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के फैसले को बरकरार रखा है।

इससे पहले, मध्यप्रदेश हाईकोर्ट में भी इस मामले पर एडमीशन रद्द करने का फैसला सुनाया गया था। मध्य प्रदेश का व्यापम घोटाला शिक्षा के क्षेत्र में अब तक का सबसे बड़ा फर्जीवाड़ा माना जाता है। इसकी जांच के दौरान अब तक पत्रकार समेत कई लोगों की हत्या की जा चुकी है और कई हाईप्रोफाइल तार जुड़े होने की बातें की जा रही है।

गौरतलब है कि व्यापम घोटाला सामने आने के बाद साल 2008-12 में सभी दाखिले रद्द कर दिए गए थे। फर्जीवाड़े के चलते मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व वाली भारतीय जनता पार्टी की सरकार पर काफी दाग लगे थे। सरकार के कई मंत्रियों और नेताओं के नाम इस मामले में आए थे। यहां तक कि राज्य पाल पर भी आरोप लगे थे। इस घोटाले के सामने आने के बाद कई गवाहों की हत्या हो गई थी। इसके बाद जांच सीबीआई को सौंपी गई।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *